सामूहिक पशुधन बीमा योजना का लाभ उठाएं पशुपालक : उपायुक्त
BOL PANIPAT , 20 नवम्बर : उपायुक्त सुशील सारवान ने कहा है कि पशुपालकों के लिए पंडित दीनदयाल उपाध्यक्ष सामूहिक पशुधन बीमा योजना कारगर साबित हो सकती है। योजना के तहत पशुपालक अपने पशुओं का बीमा आसानी से करवा सकते हैं और कोई दुर्घटना होने पर बीमा की रकम भी मिलती है।
उपायुक्त सुशील सारवान ने इस योजना की जानकारी देते हुए बताया कि पशुपालक अब 25 से 300 रुपए का प्रीमियम देकर अपने बड़े पशुओं जैसे गाय, भैंस के साथ-साथ छोटे पशुओं का भी बीमा करवा सकते हैं।
उन्होंने बताया कि इस योजना के अंतर्गत गोशालाएं भी 5 पशुओं का बीमा करवा सकती हैं। राष्ट्रीय पशुधन मिशन व प्रदेश सरकार के सांझा कार्यक्रम के अनुसार चलाई गई इस योजना में पिछले 3 सालों में प्रदेश भर में 3 लाख से अधिक पशुपालकों ने 6.40 लाख पशुओं का बीमा करवाया था जो एक रिकॉर्ड है।
दुर्घटना में मृत्यु होने पर मिलेगा बीमा क्लेम
उपायुक्त ने बताया कि इस योजना के अनुसार पशु की आकस्मिक या दुर्घटना में हुई मौत को कवर किया जाता है। बीमा होने के 21 दिन बाद यह योजना लागू होती है। हालांकि पशु चोरी होने पर कोई क्लेम नहीं होगा। एक पालक बड़े पशुओं की दूध क्षमता एवं आयु के आधार पर 50000 से लेकर अधिकतम 88000 रुपए तक, जबकि छोटे पशुओं या जानवरों की मौत पर अधिकतम 10000 से 20000 रुपए क्लेम राशि का दावा पशु चिकित्सक की रिपोर्ट अनुसार कर सकेगा।
बीमा करवाने के लिए पशुपालक को सरल पोर्टल या ई-सेवा केंद्र, कॉमन सर्विस सैंटर अंत्योदय केंद्र अटल सेवा केंद्र व ई-दिशा केंद्र के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन करना होगा। इसके लिए परिवार पहचान पत्र, मतदाता व राशन कार्ड की कॉपी, पशु चिकित्सक द्वारा जारी पशु स्वास्थ्य प्रमाण पत्र, बैंक डिटेल आदि मुहैया करवानी होगी।
इन 2 वर्गों में होगा पशुओं का बीमा
पशुपालन एवं डेयरी विभाग के उपनिदेशक डा. संजय आंतिल ने बताया कि नई बीमा पॉलिसी के अनुसार पशुओं का 2 प्रकार से वर्गीकरण किया गया है, जिसमें बड़े-छोटे पशु शामिल रहेंगे। बड़े पशुओं में गाय, भैंस, झोटा, सांड, घोड़ा, ऊंट, खच्चर, बैल आदि शामिल हैं, जबकि छोटे पशुओं में भेड़, बकरी व खरगोश का बीमा करवा सकते हैं। हरियाणा पशुधन विकास बोर्ड की ओर से पशुओं का एक साल का बीमा होगा, जिसमें बीमा की ” राशि का 1.49 प्रतिशत की दर से प्रीमियम लिया जाएगा। बड़े पशुओं के लिए 100 से 300 रुपए तक प्रीमियम राशि देकर दुग्ध व श्रेणी अनुसार बीमा होगा, जबकि छोटे जानवरों के लिए मात्र 25 रुपए खर्च करने होंगे। यदि पशुपालक चाहे तो आगामी 3 साल के लिए बीमा करवा सकता है।

Comments