प्रदेश में प्राकृतिक खेती की अपार संभावनाएं : उपायुक्त
BOL PANIPAT , 10 मार्च । जिला उपायुक्त सुशील सारवान ने कहा कि प्रदेश में प्राकृतिक खेती की अपार संभावनाएं हैं। किसानों को चाहिए कि वे प्राकृतिक खेती को अपनाते हुए इसे प्रोत्साहित करें। केंद्र व राज्य सरकार प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दे रही है। इस बार के बजट में भी प्राकृतिक और जैविक खेती के लिए घोषणाएं की गई हैं।
किसानों की फसल लागत को शून्य करने के लिए राज्य में प्राकृतिक और जैविक खेती के लिए 3 साल में उत्पादन आधारित कार्यक्रम की शुरूआत की गई है। इसमें क्लस्टर बनेंगे और प्रति क्लस्टर में न्यूनतम 25 एकड़ भूमि पर उत्पादन होगा।
प्राकृतिक खेती अपनाकर किसान न सिर्फ अपनी फसल लागत कम कर सकेंगे बल्कि इससे उत्पादित फसल का बाजार भाव भी सामान्य फसल से अधिक मिलेगा । कैमिकल के उपयोग से फसलों और फलों पर बुरा प्रभाव पड़ता है, वहीं प्राकृतिक खेती के उपयोग से जमीन की उर्वरक क्षमता बढऩे के साथ-साथ उत्पादन क्षमता भी बढ़ती है।

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