Wednesday, October 21, 2026
Newspaper and Magzine


आध्यात्मिक संस्थानों में मिलता है मन को सुकून और सकारात्मक ऊर्जा: उपायुक्त डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ

By LALIT SHARMA , in DIPRO PANIPAT PRESS RELEASE , at October 21, 2026 Tags: , , , ,

गुरुद्वारा संत भवन इसराना साहिब में आध्यात्मिक शांति और श्रद्धा के बीच पहुंचे उपायुक्त डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ

गुरबाणी और शब्द कीर्तन से सराबोर हुआ गुरुद्वारा, सालाना समागम में उत्साह और उमंग का माहौल

उपायुक्त ने गुरुद्वारा संत भवन इसराना साहिब में टेका माथा, संतों से लिया आशीर्वाद और रक्तदान शिविर में बढ़ाया सेवा भावियों का उत्साह

BOL PANIPAT , 21 अक्टूबर। गुरुद्वारा संत भवन इसराना साहिब में आयोजित किए जा रहे सालाना समागम में बुधवार को श्रद्धा, भक्ति, उत्साह और उमंग का माहौल दिखाई दिया। गुरुद्वारा परिसर गुरबाणी और शब्द कीर्तन से सराबोर रहा। इस अवसर पर उपायुक्त डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ ने गुरुद्वारा साहिब पहुंचकर कार्यक्रम में भाग लिया और माथा टेककर आध्यात्मिक संस्थान में संतों का आशीर्वाद प्राप्त किया। उन्होंने गुरुद्वारा परिसर में लगाए जा रहे रक्तदान शिविर में भी पहुंचकर रक्तदाताओं और सेवाभावियों का उत्साह बढ़ाया तथा बैज लगाकर उनका स्वागत किया।

उपायुक्त डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ ने कहा कि गुरुद्वारा साहिब जैसे आध्यात्मिक संस्थानों में पहुंचकर मन को शांति, सुकून और सकारात्मक ऊर्जा मिलती है। यहां का शांत वातावरण, गुरबाणी का संदेश और सेवा भावना इंसान को आत्मिक रूप से मजबूत बनाते हैं। ऐसे पवित्र स्थानों पर आकर मन को एक अलग ही अनुभूति होती है और बार-बार यहां आने की इच्छा होती है। आध्यात्मिक स्थल समाज में प्रेम, सद्भाव, भाईचारे और मानव सेवा की भावना को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

इस दौरान उपायुक्त ने गुरुद्वारा संत राजिन्दर सिंह से भी मुलाकात की और गुरुद्वारे की ओर से संचालित किए जा रहे कार्यक्रमों तथा सामाजिक एवं धार्मिक गतिविधियों के बारे में जानकारी ली। उन्होंने सालाना समागम में शामिल संगत की श्रद्धा और उत्साह की सराहना की। उपायुक्त ने गुरुद्वारे के सामने से गुजरने वाले मार्ग की सफाई के संबंध में भी फोन पर संबंधित विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि सफाई व्यवस्था को जल्द से जल्द दुरुस्त किया जाए, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। इस मौके पर संत राजिन्दर सिंह, सरदार देवेंद्र सिंह, सरदार कुलवंत सिंह, सरदार कमलजीत सिंह, सहित विभिन्न गुरुद्वारों से आई संगत मौजूद रही।

Comments


Leave a Reply