Wednesday, January 21, 2026
Newspaper and Magzine


फाईनेंसर की हत्या की वारदात का पर्दाफ़ाश करते हुए पुलिस ने 4 आरोपियों को किया काबू।

By LALIT SHARMA , in Crime in Panipat , at June 17, 2022 Tags: , , , , ,

-आरोपियों ने ऑफिस से 25 लाख रूपए लूटने के बाद फाईनेंसर रमेश की हत्या की थी।

BOL PANIPAT : 17 जून 2022, पुलिस अधीक्षक शशांक कुमार सावन ने लघु सचिवालय के तृतीय तल पर स्थित पुलिस अधीक्षक कार्यालय में प्रेस वार्ता कर जानकारी देते हुए बताया की बिशन स्वरूप कॉलोनी में स्थित फाइनेंस के ऑफिस में हुई फाईनेंसर रमेश की हत्या की वारदात को सफलता पूर्वक सूलझाते हुए सीआईए-वन पुलिस की टीम ने वारदात को अंजाम देने वाले चारों आरोपियो को काबू करने में बड़ी कामयाबी हासिल की है। आरोपी 11 जून को दिन के समय ऑफिस में बैठे फाइनेंसर रमेश के हाथ, मुह व पाव को टेप से बांध चोट मारकर हत्या कर नगदी लूटकर फरार हो गए थे।

पुलिस अधीक्षक महोदय ने बताया उन्होंने मामले की गंम्भीरता को देखते हुए आरोपियों को जल्द से जल्द पकड़ने की जिम्मेवारी सीआईए-वन प्रभारी इंस्पेक्टर राजपाल सिंह व उनकी टीम को शौंपी थी। सीआईए-वन पुलिस टीम वारदात स्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरा में कैद फुटेज को खंगालते हुए विभिन्न पहलुओं पर गहनता से छानबीन करने के साथ ही आरोपियों के संभावित ठीकानों पर दंबिस दे रही थी। इसी दौरान पुलिस टीम को वीरवार साय आरोपियों के रोहतक गोहाना बाइपास पर दिल्ली पैरलल नहर पुल के पास खड़े होने बारे जानकारी मिली। पुलिस टीम ने तुरंत मौके पर दंबिस देकर चारों आरोपियों को काबू किया। आरोपी पानीपत से भागने की फिराक में थे।

पकड़े गए आरोपियों की पहचान दीपक उर्फ दीपू पुत्र सोहन पाल निवासी वधावाराम कॉलोनी, मंजीत उर्फ मोनू पुत्र सुखबीर निवासी सिवाह, सितेंद्र उर्फ मोहित पुत्र शमशेर व सुमित उर्फ मोनू पुत्र हरदीप निवासी धनसौली पानीपत के रूप में हुई।

आरोपी दीपक कुछ समय पहले काम से फाइनेंसर रमेश के ऑफिस में गया था, उसको जानकारी थी की ऑफिस में हर समय पैसे रहते है।

आरोपी दीपक फैक्टरीयों में कपड़े की छटाई का ठेका लेकर काम करता था। वह कुछ सयम पहले काम से बिशन स्वरूप कॉलोनी में फाइनेंसर रमेश के पास उसके कार्यालय में गया था। इस दौरान उसको भनक लग गई की ऑफिस में रमेश के पास हर समय पैसा रहता है। दीपक की मंजीत के साथ दोस्ती थी, दोनो ने शार्ट कट तरीके से पैसे कमाने के लिए कुछ दिन पहले बिशन स्वरूप कॉलोनी में जेवेल्स होटल में किराये पर कमरा लेकर सट्टा खाईवाली का अवैध धंधा शुरू कर दिया। इसमें मंजीत ने अपने साथी सितेंद्र व सुमित को भी शामिल कर लिया।

आरोपी मंजीत के उपर 10/15 लाख की देनदारी चढ़ी हुई थी।
आरोपी मंजीत ने पहले बिजनेस करते हुए गांव निवासी विभिन्न लोगों का ऑनलाईन कंपनियों में पैसा लगवाया था। इसमे उसको काफी घाटा हुआ जो उसके उपर करीब 10/15 लाख रूपए की देनदारी चढ़ गई थी। दीपक को भी मंजीत के उपर चढ़े कर्ज की जानकारी थी। उसने मंजीत को फाइनेंसर के पास ऑफिस में हर समय पैसे होने की जानकारी दी और चारो ने मिलकर फाइनेंस के ऑफिस में लूट की साजिस रची और ऑफिस की रेकी करने के लिए वारदात को अंजाम देन से 3/4 दिन पहले सीपीयू ठीक करवाने के बहाने फाइनेंस के ऑफिस में गए थे।

10 जून को आरोपी मंजीत ऑफिस में गया और गुजरात से पैसे मंगवाने की बात कही। रमेश के पास उस दिन पैसे नही थे तो उसने मंजीत का फोन नंबर लेकर कहा की एक दो दिन में वह फोन करके उसको बता देगा। 11 जून को रमेश ने फोन कर मंजीत को ऑफिस में बुलाया। मंजीत साथी दीपक, सितेंद्र व सुमित को लेकर वहा पहुचां और दीपक को रखवाली के लिए बाहर खड़ा कर तीनो ऑफिस के अंदर गए और रमेश का मुंह हाथ व पैर टेप से बांधकर अलमारी में रखे 25 लाख रूपए निकाल लिये। रमेश ने विरोध किया तो आरोपियो ने पिटाई कर दी और 25 लाख रूपए लूटकर फरार हो गए थे।

पुलिस अधीक्षक शशांक कुमार सावन ने बताया गहनता से पूछताछ करने व लूटी गई 25 लाख की नगदी बरामद करने के लिए पुलिस टीम ने गिरफ्तार चारों आरोपियों को आज माननीय न्यायालय में पेश किया, जहा से उन्हे 4 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया।

मृतक रमेश की पत्नी पारूल बेन की शिकायत पर थाना शहर में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ आईपीसी की धारा 302,34 के तहत मुकदमा नंबर 374/2022 दर्ज है.

थाना शहर पानीपत में गुजरात के बरोट पाटन निवासी महिला पारूल बेन ने शिकायत देकर बताया था कि वह करीब 4/5 साल से पति रमेश के साथ पानीपत की बिशन स्वरूप कॉलोनी में किराये के मकान में रह रही है। उसका पति बिशन स्वरूप कॉलोनी में घर के पास ही ऑफिस खोलकर फाईनैंस का काम करता था। 11 जून को दोपहर बाद वह पति के ऑफिस में गई तो पति रमेश जमीन पर बेहोशी की हालत में पड़ा हुआ मिला, जिसके हाथ पैर व मूह टेप से बंधे हुए थे। मकान मालिक अनिल गोयल की सहायता से वह पति को अस्पताल लेकर गई जहा डॉक्टरों ने उसे मृत घाषित कर दिया। पारूल ने शिकायत में बताया उसके पति रमेश की अज्ञात आरोपियों ने हत्या कर दी। शिकायत पर थाना शहर में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ आईपीसी की धारा 302, 34 के तहत मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने आरोपियों की पहचान व धरपकड़ के प्रयास शुरू कर दिए गए थे।

’मामले में अनुसंधान करने पर लूट के साथ हत्या होना पाया गया इसलिए मामले में आईपीसी की धारा 392,394 भी इजाद की गई।

आरोपियों का विवरण:

1.दीपक उर्फ दीपू पुत्र सोहन पाल निवासी वधावाराम कालोनी (उम्र 37 साल, शिक्षा 12वी)
2.मंजीत उर्फ मोनू पुत्र सुखबीर निवासी सिवाह (उम्र 28 साल, शिक्षा बीएससी )
3.सितेंद्र उर्फ मोहित पुत्र शमशेर निवासी धनसौंली (उम्र 24 साल शिक्षा बीएससी )
4.सुमित उर्फ मोनू पुत्र हरदीप निवासी धनसौली (उम्र 21 साल, शिक्षा 12वी)

Comments