Friday, April 17, 2026
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सभी ‘चेतना शिक्षण केन्द्रों’ में बड़े उत्साह एवं हर्षोंल्लास से मनाया गया गणतंत्र दिवस

By LALIT SHARMA , in EDUCATIONAL SOCIAL , at January 27, 2025 Tags: , , , ,

BOL PANIPAT : 76वें गणतंत्र दिवस के उपलक्ष्य में चेतना ट्रस्ट द्वारा संचालित सभी ‘चेतना शिक्षण केन्द्रों’ में स्वयंसेविकाओं व बच्चों द्वारा बड़े उत्साह एवं हर्षोंल्लास से यह राष्ट्रीय पर्व मनाया गया। मुख्यतः आठ स्थानों पर बच्चों को एकत्रित करके राष्ट्रीय त्यौहार मनाया गया। भारत नगर में ध्वजारोहण-जन सेवा दल द्वारा प्रातः 09ः30 बजे, भारत नगर में ध्वजारोहण-ओ.पी. माटा एवं निर्मल दत्त द्वारा दोपहर 12ः00 बजे, कुटानी रोड, वर्मा चैक में ध्वजारोहण-अशोक वर्मा, सुरेश वर्मा एवं बलराज एलाबादी द्वारा दोपहर 12ः00 बजे, देव नगर में ध्वजारोहण-राजेश सिंगला एवं रीना सिंगला द्वारा प्रातः 10ः30 बजे, काबुली बाग में ध्वजारोहण-डा.ए.पी. जैन एवं श्री हरिनारायण सिंगला द्वारा दोपहर 12ः00 बजे, ज्योति कालोनी में ध्वजारोहण- रोटरी पानीपत सैंट्रल द्वारा प्रातः 10ः30 बजे, रामानन्द राज सिंगला स्मृति भवन, हनुमान कालोनी में ध्वजारोहरण-सुनिता सिंगला द्वारा प्रातः 10ः00 बजे, हरि सिंह कालोनी ध्वजारोहण-श्री निखिल मित्तल द्वारा प्रातः 10ः00 बजे किया गया। इसके अतिरिक्त शेष चेतना केन्द्रों में चेतना केन्द्र की स्वयंसेविकाओं द्वारा ध्वजारोहण किया गया। सभी केन्द्रों पर बच्चों के द्वारा राष्ट्रभक्ति से ओत-प्रोत सामूहिक प्रोग्राम प्रस्तुत किये गये। चेतना ट्रस्ट की प्रबंधक न्यासी निर्मल दत्त, ट्रस्ट सदस्य एवं स्वयंसेविकाएं उपस्थित रहीं। सभी बच्चों के द्वारा ‘जय हिंद, भारत माता की जय’ नारे लगाकर आकाश को गुंजायमान कर दिया गया।
     सभी चेतना केन्द्रों पर उपस्थित अतिथियों द्वारा सभी बच्चों को राष्ट्रीय महान नेताओं एवं शहीदों के बारे में बताया गया। उन्होंने बताया आज के दिवस पर उन सभी का स्मरण करना हमारा दायित्व है। आज के ही दिन हमारा देश गणतंत्र घोषित किया गया। 26.01.1950 को हमारा संविधान राष्ट्र को सौंपा गया जिसके द्वारा हमें अनेकों अधिकार प्राप्त हुए जैसे समानता का अधिकार। लेकिन इसके साथ-2 हमारे कुछ कर्तव्य भी हैं। बच्चे अभी शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं इसलिए विद्यार्थियों का यह कर्तव्य है कि मेहनत एवं ईमानदारी से शिक्षा ग्रहण करें। देश के हित में सदैव कार्य करें, कोई ऐसा कार्य न करें जिससे देश का अहित हो। राष्ट्र उन्नति, प्रगति एवं त्याग के लिए सदैव तत्पर रहें। उन्होंने बच्चों को तिरंगे के तीनों रंगों का महत्व बताकर उनमें जोश भर दिया। नारों के साथ एवं राष्ट्रीयगान के साथ ध्वजारोहण कार्यक्रम का समापन हुआ।
सभी चेतना केन्द्रों के बच्चों को प्रसाद के रूप में लडडू बांटे गये। कार्यक्रम प्रस्तुत करने वालों बच्चों को उनके द्वारा प्रोत्साहन हेतु ईनाम भी दिये गये।

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