Friday, April 17, 2026
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आईओसीएल पानीपत फिर बना पुष्प-प्रदर्शनी का चैंपियन

By LALIT SHARMA , in EDUCATIONAL , at February 21, 2023 Tags: , , , ,

एसडी पीजी कॉलेज पानीपत में 9वें राज्य स्तरीय वसंतोत्सव: पुष्प प्रदर्शनी एवं पुष्प प्रतियोगिता का रंगारंगसमापन

जीवन कैसे दूसरों के लिए समर्पित हो, यह हमें फूलों से सीखना चाहिए : तुलसी सिंगला

पर्यावरण संरक्षण अब हमारी प्राथमिकता में शामिल होना चाहिए: मनोज सिंगला

BOL PANIPAT , 21 फरवरी :   एसडी पीजी कॉलेज पानीपत में 9 वें राज्य स्तरीय “वसंतोत्सव: पुष्प प्रदर्शनी एवं पुष्प प्रतियोगिता” का भव्य समापन हो गया.समापन समारोह में अतिविशिष्ट अतिथि एसडी पीजीकॉलेज प्रबंधकारिणी के सेक्रेटरी तुलसी सिंगला, उपप्रधान मनोज सिंगला और कोषाध्यक्ष विकुल बिंदल ने शिरकत कर प्रदर्शनी के विजेताओं को पुरस्कार वितरित किये. उनके साथ आईओसीएल के एस्टेट ऑफिसर सोमेश दास, कुलभूषण और विपिन मित्तल ने भी कार्यक्रम में हिस्सा लिया. मेहमानो का स्वागत प्राचार्य डॉ अनुपम अरोड़ा और वनस्पति विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष एवं इस समारोह के संयोजक डॉ रवि कुमार ने किया. जूरी की भूमिका प्राणी शास्त्र विभागाध्यक्ष डॉ प्रियंका चांदना, डॉ राहुल जैन और प्रोप्रवीण कुमारी ने अदा की. आईओसीएल एक बार फिर प्रदर्शनी का आकर्षण बना और उसने किंग ऑफदशो के खिताब पर कब्ज़ा किया. यहआयोजन कॉलेज में ही स्थापित “पर्यावरण बचाओ सोसाइटी” के तत्वाधान में संपन्नहुआ.प्रदर्शनी मेंरंगोली प्रतियोगिताका आयोजन किया गया जिसमे लगभग 200 छात्र-छात्राओं ने भाग लिया और फूल, फूलों की पंखुड़ियों, पत्तों एवं सूखे रंगों की मदद से सुन्दर रंगोलियां बनाई. रंगोली की टीमों ने महिलाओं के लिए जल्द न्याय, देश के वीर जवान, युवाओं को नशे से मुक्त करना, पर्यावरण संरक्षण और कन्या भ्रूण हत्या जैसे विषयों पर मार्मिक एवं सुन्दर रंगोली बनाई. हैण्ड पेंटिंग में भाग लेने वाले विद्यार्थियों में भीहोड़ मची रही. दो दिवसीय आयोजन में एसडीवीएम हुडा, एसडीवीएमसिटी, एमएएसडी, एपीटएसडी इंडिया, दयाल सिंह पब्लिक स्कूल, पानीपत की नर्सरियों और उनके मालियों आदि ने बढ़-चढ़ कर हिस्सा लिया. मालियों को भी नकद पुरस्कार से सम्मानित किया गया. सांस्कृतिक संध्या में डॉ संतोष कुमारी, प्रो सनी और डॉ राहुल जैन ने कविता पाठ किया. प्राचार्य डॉ अनुपम अरोड़ा और कोषाध्यक्षविकुल बिंदल ने मधुर गीत सुनाकर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया.

तुलसी सिंगला सेक्रेटरी ने कहा कि फूल हमारे जीवन का अनिवार्य हिस्सा है. फूल खुशहाली का प्रतीक और उपवन की रौनक होते हैं.आज का युवा नशे, दुर्व्यसन और सोशल मीडिया के दुरूपयोग से खुद के जीवन से खिलवाड़ कर रहा है. उनके जीवन और भविष्य को फूलों की तरह पल्लवित करना ही ऐसे आयोजनों का मकसद है. इसके माध्यम से कॉलेज ने युवाओं को यह समझाने का प्रयास किया है कि उनका जीवन भी फूलों की तरह नाजुक है और उनमे भी फूलों की तरह दूसरों के लिए समर्पित होने का भाव होना चाहिए. युवाओं की जरा सी लापरवाही न सिर्फ उनके खुद के भविष्य को जोखिम में डालती है बल्कि उनकी असफलता का उनके परिवार परभी बुरा प्रभाव पड़ता है. युवाओं के भविष्य को फूलों से जोड़कर पेश करके इस प्रदर्शनी ने एक अनूठा एवं सटीक प्रयास किया है. उन्होंने कार्यक्रम के सफल आयोजन पर कॉलेज के सभी स्टाफ सदस्यों और विशेष तौर पर मालियों को बधाई दी .

        मनोज सिंगला उप-प्रधान ने कहा कि इस आयोजन को देखकर वे भाव-विभोर हो गए है. इंसान के लिए प्रकृति से बड़ाकोई डॉक्टर नहीं है. वे खुद भी जब काम के बोझ से थक जाते है तो उनमे नया जोश फूंकने का काम बाहर बिखरी हरियाली और रंग-बिरंगे फूल ही करते है. उद्योग नगरी होने के कारण पानीपत प्रदूषण से भरपूर क्षेत्र है और ऐसे हालात में पेड़-पोधों के प्रति यहाँ के लोगों के मन में प्रेम को जागृत करना नितांत आवश्यक है. प्रकृति प्रेम और युवाओं के भविष्य की चिंता करने के अद्भुत उद्देश्य इस प्रदर्शनी  ने पूर्ण किये है. प्रकृति के गैर-जिम्मेदाराना दोहन से हमने धरती का सत्यानाश कर दिया है और इसलिए पर्यावरण को बचाना अब हमारी ही जिम्मेदारी बन गया है. पर्यावरण संरक्षण को हमें अब हमारी प्राथमिकता बनाना होगा.

      पवन गोयल प्रधान ने अपने संदेश में कहा कि फूल-पौधे इंसान से कई मायनों में समझदार है क्यूंकि ये दूसरों के लिए बलिदान देकर भी मुस्कुराते रहते है. पेड़ अपने फल खुद नहीं खाते, फूल अपनी खुशबू छिपा कर नहीं रखते. निस्वार्थ भाव का ऐसा उदाहरण इंसान को कोई और कैसे समझा पायेगा. फूल अलग-अलग हो कर भी एकरूपता का बोध कराते है जो वर्तमान समय में बहुत प्रासंगिक है.

        प्राचार्य डॉ अनुपम अरोड़ा ने कहा किइस प्रदर्शनी को आयोजित करके कॉलेज ने पर्यावरण को बचाने का सार्थकप्रयास और पहल की है. समाज मे एकता और सामाजिक समरसता का भाव फूल और पौधे हमें देते है. आज के समय पर्यावरण का जो हाल हमने किया है वह इंसान के लालच और मूर्खता के कारण है. वर्षो से फूल समाज को कुछ न कुछ सिखाते आये है.

सेल्फी विद फ्लावर्स(विद्यार्थी वर्ग) के परिणाम

ख़ुशी                    बीएससी- प्रथम            प्रथम

आर्यन                   बीकॉम             प्रथम

सेल्फी विद फ्लावर्स(प्राध्यापक वर्ग) के परिणाम

प्रो सुनील कुमार                                   प्रथम

प्रो हर्षिता                                        प्रथम

रंगोली प्रतियोगिता (सीनियर केटेगरी)

प्रथम              निशा और प्रियंका          बीएससी– द्वितीय

द्वितीय             अंशिका और तन्नु         बीएससी– द्वितीय

तृतीय             विनीता और दिव्या         बीएससी– द्वितीय

सांत्वना            दीक्षा और निशांत, नेहा और पूजा, सिमरन और मिनाक्षी

रंगोली प्रतियोगिता (जूनियर केटेगरी)

प्रथम              भविष्य            कक्षा 7, एसडीवीएमहुडा 

हैण्ड पेंटिंग (जानवरों की कृतिया) (सीनियर केटेगरी)

प्रथम              सौरभ              बीसीए– द्वितीय

द्वितीय             साहिल             बीए–प्रथम

तृतीय             पूजा                     बीए–प्रथम

हैण्ड पेंटिंग (सूक्ष्म) (सीनियर केटेगरी)

प्रथम              अक्षित             बीसीए– द्वितीय

द्वितीय             पिंकी                    बीए– प्रथम

तृतीय             प्रीती और गरिमा          बीए–तृतीय

हैण्ड पेंटिंग (जूनियर केटेगरी)

प्रथम              तेजस्वी                        कक्षा 7      एसडीवीएम सिटी

द्वितीय                   जान्वी भाटिया       कक्षा 6      एसडीवीएम सिटी

तृतीय             हिमांशी            कक्षा 6      एसडीवीएम हुडा

     इस अवसर पर डॉनवीनगोयल, प्रो राकेश सिंगला, प्रो पवन सिंगला, डॉ प्रवीण खेरडे, डॉ एसके वर्मा, डॉ मुकेश पुनिया, डॉ राकेश गर्ग, डॉ प्रियंका चाँदना, डॉ रवि कुमार, डॉ राहुल जैन, प्रो मयंक अरोड़ा,डॉ दीपा वर्मा, डॉ मोनिका खुराना, डॉ दीपिका अरोड़ा,प्रो इंदु पुनिया, प्रो तन्नु मेहता, डॉ जुगमती, प्रो कविता, प्रो किरण मलिक, दीपक मित्तल, माली नगीना साहनी और माली विष्णु आदि मौजूद रहे.

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