संस्कृत सभी भाषाओं की जननी है : जय श्री गर्ग
BOL PANIPAT :आई.बी.एल. पब्लिक स्कूल के प्रांगण में ‘श्लोक गायन’ प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि की भूमिका रंजीता ने निभाई। निर्णायक मंडल की भूमिका में स्वाती सैनी और कमलेश रहे. यह प्रतियोगिता अन्तर्सदनीय थी। इसमें कक्षा छठी से दसवीं तक के बच्चों ने भाग लिया ।
प्रतियोगिता में दो वर्ग बनाए गए , कनिष्ठ व वरिष्ठ कनिष्ठ वर्ग में कक्षा छठी से आठवीं, वरिष्ठ वर्ग में कक्षा नौवीं से दसवीं रही। इसमें गीता के श्लोकों को गायन द्वारा बोला गया। बच्चों ने श्लोकों का उच्चारण लयात्मक ढंग से किया।
कनिष्ठ वर्ग में (गांधी सदन से ) नव्या प्रथम तथा ( सुभाष सदन से) पलक द्वितीय रही। वरिष्ठ वर्ग में (नेहरू सदन से) युवराज प्रथम तथा (टैगोर सदन से) श्रुति द्वितीय स्थान पर रही। टैगोर सदन विजयी रहा।
मुख्यातिथि व प्रधानाचार्या ने विजेता टीम को पुरस्कृत करते हुए बच्चों को बधाई दी। विद्यालय की प्रधानाचार्या जय श्री गर्ग ने कहा कि संस्कृत सभी भाषाओं की जननी है। संस्कारों से परिपूर्ण है। इस भाषा में वह ताकत है जो पूरे देश को एकता के सूत्र में बांध सकती है। उन्होंने कहा कि जिस तरह श्रीकृष्ण के द्वारा दिए गए उपदेशों को अर्जुन ने माना और विजय प्राप्त की उसी तरह बच्चों को भी अपने लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए आगे बढ़ना है।

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