Monday, July 27, 2026
Newspaper and Magzine


संस्कृत कुटुंब बनाने के आह्वान के साथ पानीपत जिला की याद को समेटकर लौटे संस्कृत प्रेमी।

By LALIT SHARMA , in DIPRO PANIPAT PRESS RELEASE , at November 8, 2022 Tags: , , ,

पट्टी कल्याणा में आयोजित तीन दिवसीय सम्मेलन के अंतिम दिन संगठनात्मक चुनाव भी हुए, कुछ को नई मिली जिम्मेदारी।

सेवा साधना केंद्र में मिले आतिथ्य से अभिभूत हुए लोग।

BOL PANIPAT : 8 नवंबर, पट्टी कल्याणा में आयोजित संस्कृत भारती के तीन दिवसीय अखिल भारतीय गोष्ठी और महिला सम्मेलन का मंगलवार को समापन हो गया। इस सम्मेलन में मिले आतिथ्य से जहां लोग खुश ही नहीं हुए अपितु वे एक नए अनुभव और पानीपत जिला की याद को समेट कर लौट गए।
फिर मिलेंगे, देवभाषा के प्रचार प्रसार में एक परिवार एक कुटुंब के रूप में अपना पूर्ण सहयोग देंगे। इसी भावना के साथ देशभर से आए संस्कृत कार्यकर्ताओं ने विदाई ली। जाते समय कार्यकर्ता काफी भावुक नजर आए।

तेलांगना से पधारी शुभ लक्ष्मी ने कहा कि यहां का खानपान हमारे से अलग जरूर है, फिर भी कोई दिक्कत यहां नहीं हुई। उत्तरांचल से सम्मेलन में शामिल होने पहुंची अंजली देवी, भारती, मीनाक्षी, सुधा, गुजरात से उषा, सीमा शुक्ला, छत्तीसगढ़ से पधारी ईश्वरी देवी, शैल पांडे, मीरा वर्मा, रीता दास,, उषा पांडे पल्लवी, महाराष्ट्र से वैदेही अमेरशेखर आदि का कहना था कि तीन दिन किस प्रकार गुजर गए,पता ही नहीं चला। संस्कृत से किस प्रकार अपने परिवार और कुटुंब को विकसित किया जा सकता है| यहां यह सीखने को मिला।

आयोजन में सामाजिक कार्यकर्ता इंद्रेश कुमार ने कहा कि संस्कृत समावेशी भाषा है।, संस्कृत भारती के शदेव पुजारी, अखिल भारतीय संगठन मंत्री दिनेश कामत, सह संगठन मंत्री जयप्रकाश, उतर क्षेत्र के संगठन मंत्री नरेंद्र कुमार, डॉ.रामनिवास, जोगेंद्र कुमार, डॉ.सोमेश्वर दत्त, डॉ.दिनेश शास्त्री, प्रमोद शास्त्री, सतेंद्र कुमार, कार्यालय प्रमुख भूपेंद्र कुमार, डॉ.सुरेश पाराशर,सुशील हिसार,संजीव कुमार,सुनील शास्त्री,शैलेंद्र सिंह आदि भी उपस्थित रहे।

Comments