Sunday, May 31, 2026
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एसडी पीजी कॉलेज पानीपत में पुलिस अधीक्षक पानीपत के सौजन्य से जिला स्तरीय सड़क सुरक्षा क्विज प्रतियोगिता का आयोजन

By LALIT SHARMA , in EDUCATIONAL , at December 24, 2024 Tags: , , , , ,

जिला स्तरीय प्रतियोगिता में इसराना, बापौली, मतलौडा, समालखा और पानीपत जिले के स्कूल और कॉलेज के विद्यार्थियों ने लिया हिस्सा 

अब वक़्त आ गया है कि लोग सड़क सुरक्षा को लेकर गंभीर बने: लोकेन्द्र सिंह पुलिस अधीक्षक पानीपत, आईपीएस    

BOL PANIPAT , 24 दिसम्बर.

एसडी पीजी कॉलेज पानीपत में पुलिस अधीक्षक पानीपत के सौजन्य से और कॉलेज एनएसएस यूनिट्स की देख-रेख में जिला स्तरीय सड़क सुरक्षा क्विज प्रतियोगिता का आयोजन किया गया जिसका उदघाटन एवं पुरस्कार वितरण मुख्य अतिथि पुलिस अधीक्षक पानीपत लोकेन्द्र सिंह आईपीएस ने किया । प्रतियोगिता में डीएसपी सुरेश सैनी और एसएचओ राकेश कुमार का भी सहयोग रहा । मेहमानों का स्वागत प्राचार्य डॉ अनुपम अरोड़ा ने किया । क्विज प्रतियोगिता में पानीपत, समालखा, मतलौडा, इसराना और बापौली ब्लाक के लेवल 1 से लेवल 4 की टीमों ने हिस्सा लिया । लेवल-1 कक्षा 3 से 5, लेवल-2 कक्षा 6 से 8, लेवल-3 कक्षा 9 से 12 और लेवल-4 में कॉलेज के सैंकड़ों विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया । प्रतियोगिता में लेवल-1 में मयंक गीता पब्लिक स्कूल शेरा, लेवल-2 में शिवम सरस्वती मॉडल स्कूल अहर, लेवल-3 में शौर्य गुप्ता बाल विकास स्कूल पानीपत और लेवल-4 में सौरभ एसडी पीजी कॉलेज पानीपत ने जीत दर्ज कर रेंज स्तरीय प्रतियोगिता के लिए क्वालीफाई कर लिया । एनएसएस प्रोग्राम ऑफिसर डॉ राकेश गर्ग, डॉ संतोष कुमारी और डॉ दीपिका अरोड़ा मदान ने इस सफल आयोजन में सक्रीय हिस्सा लिया । मंच संचालन का जिम्मा डॉ संतोष कुमारी और क्विज मास्टर की भूमिका डॉ दीपिका अरोड़ा मदान ने निभाई । प्रतियोगिता में ट्रैफिक नियमों और सड़क सुरक्षा पर आधारित प्रश्न पीपीटी के माध्यम से पूछे गये और जिन टीमों के विद्यार्थियों ने सबसे अधिक सही जवाब दिए उन्हें विजेता घोषित किया गया ।  

जिला स्तरीय प्रतियोगिता में लेवल-1 (कक्षा 3 से 5) में मयंक गीता पब्लिक स्कूल शेरा ने प्रथम, अवनी ऋषिकुल सीनियर सेकेंडरी स्कूल कुराना ने द्वितीय और आदित्य सन राइज पब्लिक स्कूल मतलौडा ने तृतीय स्थान हासिल किया । लेवल-2 (कक्षा 6 से 8) में शिवम सरस्वती मॉडल स्कूल अहर ने प्रथम, आर्यन पाईट सीनियर सेकेंडरी स्कूल पानीपत ने द्वितीय और मनप्रीत एसवीएम पलडी इसराना ने तीसरा स्थान प्राप्त किया । लेवल-3 (कक्षा 9 से 12) में शौर्य गुप्ता बाल विकास स्कूल पानीपत ने प्रथम, मनन दयाल सिंह पब्लिक स्कूल पानीपत ने दूसरा और कमल राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल मनाना (समालखा) ने तृतीय स्थान हासिल किया । लेवल-4 (कॉलेज लेवल) में सौरभ एसडी पीजी कॉलेज पानीपत ने प्रथम, कृष राजकीय महाविधालय बापौली ने दूसरा और माधव एसडी पीजी कॉलेज पानीपत ने तृतीय स्थान हासिल किया ।               

विदित रहे कि क्विज प्रतियोगिता के इस अभियान की शुरुआत तत्कालीन पुलिस महानिरीक्षक शत्रुजीत कपूर आईपीएस की प्रेरणा से 2013 में शुरू हुई और आज यह अभियान रिकॉर्ड भागीदारी का अनूठा उदाहरण बन चुका है और इसे लिम्का बुक ऑफ़ रिकार्ड्स में भी स्थान मिला है । पुलिस विभाग के समस्त ऑफिसर और शिक्षा विभाग के सांझा प्रयासों से इस प्रतियोगिता के आयोजन में रिकॉर्ड संख्या में विद्यार्थियों ने भाग लिया है । 

लोकेन्द्र सिंह पुलिस अधीक्षक पानीपत ने कहा कि वे सड़क सुरक्षा को लेकर बेहद चिंतित और इसे सुचारू करने के लिए गंभीर है । प्रत्येक महीने वे ट्रैफिक प्रबंधन को लेकर पानीपत के अन्य अधिकारियों के साथ नियमित मंत्रणा करते है । ट्रैफिक व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने तथा लोगो को नियमों का पालन करवाने के पुरे प्रयास किये जा रहे है ताकि नियमों का पालन न करने वालो पर नज़र रखी जा सके । विदेशों में कम दुर्घटनाये होने का कारण वहां के लोगों का अनुशासनप्रिय होना है । इतनी मौते कोरोना से भी नहीं हुई जिससे लोग इतने भयभीत थे जितनी मौते हर रोज़ दुर्घटनाओं से हो जाती है । यह हम सभी के लिए शर्म और चिंता का विषय है । वक़्त आ गया है कि लोग अब सड़क सुरक्षा को लेकर गंभीर बने । ड्राइविंग की समझ के अभाव और यातायात नियमों की निरंतर अवहेलना ने हमारी सड़कों को बेहद असुरक्षित बना दिया है । यह कोई कम आश्चर्य की बात नहीं है कि मोटर वाहन चालकों, पैदल चलने वालों, साइकिल चालकों और यहाँ तक कि यातायात पुलिस कर्मियों को भी यातायात के नियमों की पर्याप्त जानकारी नहीं है । सुरक्षित ड्राइविंग की जानकारी के अभाव और यातायात के नियमों को भली-भाँती लागू न किये जाने के कारण आज सड़कों पर अराजकता की स्थिति उत्पन्न हो गई है । भारत में हर साल एक लाख चालीस हज़ार से अधिक व्यक्ति सड़क दुर्घटनाओं में मारे जाते है । केवल पिछले दशक में ही देश में सड़कों पर होने वाली मौतों में लगभग 50 प्रतिशत की वृद्धि हुई है । स्थिति की गंभीरता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि विश्व के कुल वाहनों में से केवल एक प्रतिशत वाहन भारत में है जबकि विश्व में होने वाली कुल सड़क दुर्घटनाओं में से 10 प्रतिशत हादसे भारत में होते है ।        

डॉ अनुपम अरोड़ा ने कहा कि बिना किसी स्वार्थ के दूसरों की मदद करने का गुण हर युवा में होना चाहिए । वाहनों की बढती संख्या ने सड़क सुरक्षा जैसे मुद्दे को प्रासंगिक बना दिया है । अब सड़क पर चलने वाले हर इंसान की जान को बचाना और संजोना हमारी प्राथमिकता होनी चाहिए । यातायात संबन्धित ज्यादातर समस्याएँ युवाओं से जुड़ी है । ऐसे में हर युवा का दावित्व है कि वह आने वाली पीढ़ियों को निराश न करे और सड़क सुरक्षा को मन से अपनाए और सड़क सुरक्षा के नियमों को पढ़े और समझे । मस्ती और जोश में आकर वाहनों को चलाना अकसर घातक सिद्ध होता है । सड़क सुरक्षा एक संवेदनशील मुद्दा है जिसको पुलिस और प्रशासन ने गंभीरता के साथ हर बार उठाया है और समाज को नई दिशा दिखाई है । क्विज प्रतियोगिता भी इसी उद्देश्य से आयोजित की गई है ।

इस अवसर पर डॉ एसके वर्मा, डॉ मुकेश पुनिया, दीपक मित्तल भी उपस्थित रहे । 

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