Friday, July 3, 2026
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‘होप फॉर यू’ टीम के सदस्यों ने राम नवमी के शुभ अवसर पर किया भण्डारे का आयोजन

By LALIT SHARMA , in RELIGIOUS , at April 6, 2025 Tags: , , ,

सेवा परमो धर्मः अथार्त सेवा ही परम धर्म है और इससे बड़ा कोई कर्म नहीं है: दीपक मित्तल 

BOL PANIPAT , 06 अप्रैल, ‘होप फॉर यू’ टीम के सदस्यों और विभिन्न समाज सेवी महानुभावों के तत्वाधान में ‘होप-फॉर यू’ संस्था ने राम नवमी के पावन अवसर पर जीटी रोड पर भण्डारे का आयोजन किया जिसका उद्देश्य गरीब एवं वंचित आमजन को भोजन उपलब्ध कराना था । ‘होप फॉर यू’ संस्था का मुख्य उद्देश्य है सेवा परमो धर्मः अथार्त सेवा ही सबसे बड़ा धर्मः है और इसके अंतर्गत गरीब और जरूरतमंद लोगो की सहायता करना, वंचित वर्ग को कपड़े और अन्य सामग्री देना देना, पर्यावरण को बचाने के लिए पेड़-पौधे लगाना तथा बेसहारा पशु-पक्षियों की देखभाल करना जैसे कार्य करना शामिल है । भविष्य में यह संस्था झुग्गी-झोपड़ी और गरीब बस्ती में रहने वाले बच्चों को नि:शुल्क शिक्षा देने पर भी कार्य करेगी । इससे पहले भी इस संस्था द्वारा गरीब एवं जरूरतमंद लोगो के लिए भंडारों का आयोजन किया जा चुका है । 

संस्था के प्रधान दीपक मित्तल ने कहा कि गरीब और ज़रूरतमंद लोगों की मदद करना एक नेक काम है । इससे न सिर्फ़ उन्हें ज़रूरी संसाधन मिलते हैं बल्कि इससे समाज का भी विकास होता है । गरीबों और ज़रूरतमंदों की मदद करने के कई तरीके हैं जैसे हम अपनी सामर्थ अनुसार उन्हें खाना, कपड़े, और ज़रूरी सामग्री दे सकते है, स्थानीय अस्पतालों या अनाथालयों में सेवाएं दे सकते है, उनके लिए शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करा सकते है, अपने समाज में उनके लिए जागरूकता फैला सकते है और अपना इस्तेमाल किया हुआ सामान उन्हें दान कर सकते है । अप्रयुक्त दवाइयाँ, नियमित रूप से दान और वंचित बच्चों को शिक्षित करना भी इसी  उद्देश्य में शामिल है । राम नवमी के शुभ अवसर पर बोलते हुए उन्होनें कहा कि आज के दिन भक्त भगवान राम के प्रति अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं और उनके जीवन के सिद्धांतों का अनुसरण करने का संकल्प लेते हैं । ‘होप फॉर यू’ संस्था भगवान् राम के इसी रूप से अभिभूत होकर इस प्रकार के मानवीय कार्य करती है ।

संस्था के उप-प्रधान साहब सिंह ने कहा कि रामनवमी भारत में हिन्दू धर्म का एक महत्वपूर्ण त्योहार है जो भगवान राम के जन्म के अवसर पर मनाया जाता है । यह त्योहार चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की नवमी को होता है जिसे रामनवमी कहा जाता है । इस दिन भगवान राम का जन्म हुआ था जो हिन्दू धर्म में एक प्रतिभासहित और मानवता के आदर्श रूप माने जाते हैं । रामनवमी को विशेष भक्ति और आराधना के साथ मनाया जाता है जिसमें मंदिरों में भजन-कीर्तन, रथयात्रा और कथा-कल्याण के कार्यक्रम शामिल होते हैं । लोग भगवान राम के जीवन की कथा सुनते हैं और उन्हें नम्र भाव से आराधना करते हैं । रामनवमी का मनाना हिन्दू समाज में भगवान राम के जीवन के मौद्दायिक उदाहरणों को याद करने का एक अवसर प्रदान करता है और उनके धार्मिक और नैतिक सिद्धांतों को अपनाने के लिए प्रेरित करता है । 

इस अवसर पर वंदना गुप्ता, दीपक मित्तल, विकास शर्मा, साहब सिंह, संजय वर्मा, मुकेश सैनी, सुरेश कुमार, बलवान सिंह, रमेश, प्रो प्रवीन आर खेरडे, डॉ एसके वर्मा, डॉ मुकेश पुनिया, प्रो मयंक अरोड़ा, डॉ राहुल जैन, प्रो भावना जिंदल, प्रो मीतू सैनी, डॉ जुगमती, प्रो मुक्ता आदि ने मिलकर भण्डारे के रूप में प्रसाद का वितरण किया और इस पुनीत कार्य के साक्षी बने ।  

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