जनसमस्याओं के समाधान के लिए प्रशासन पूरी संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ कार्यरत: डॉ हरीश कुमार वशिष्ठ
शिकायतकर्ताओं को निष्पक्ष न्याय दिलाना पुलिस विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता: पुलिस अधीक्षक भूपेंद्र सिंह
शिविर में 14 शिकायतों पर सुनवाई, उपायुक्त ने अधिकारियों को दिए त्वरित निस्तारण के निर्देश
हर पात्र व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता
BOL PANIPAT, 18 जून। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की पहल पर आयोजित किए जा रहे समाधान शिविर आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान का सशक्त माध्यम बनकर उभर रहे हैं। वीरवार को जिला सचिवालय में आयोजित समाधान शिविर में उपायुक्त डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ ने नागरिकों की शिकायतों की सुनवाई की तथा संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
शिविर में पुलिस, बिजली, खाद्य एवं आपूर्ति, पेंशन विभाग सहित विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 14 शिकायतें दर्ज की गईं। उपायुक्त ने सभी शिकायतों पर गंभीरता से संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रत्येक मामले का निर्धारित समय सीमा के भीतर समाधान सुनिश्चित किया जाए तथा किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उपायुक्त डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य नागरिकों को उनके घर के निकट ही पारदर्शी, जवाबदेह और प्रभावी प्रशासन उपलब्ध कराना है। समाधान शिविरों के माध्यम से लोगों को एक ही मंच पर विभिन्न विभागों की सेवाएं उपलब्ध हो रही हैं, जिससे उनकी समस्याओं का शीघ्र समाधान संभव हो रहा है।
उपायुक्त ने कहा कि प्रशासन की प्राथमिकता है कि प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुंचे तथा किसी भी जरूरतमंद को उसके अधिकारों से वंचित न रहना पड़े। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनहित से जुड़े मामलों में संवेदनशीलता के साथ कार्य करें और शिकायतों के निस्तारण की नियमित समीक्षा करते रहें। उपायुक्त ने कहा कि नागरिकों का प्रशासन पर विश्वास बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
अतिरिक्त उपायुक्त अंकित चौकसे ने कहा कि समाधान शिविर सुशासन और प्रशासनिक जवाबदेही को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल हैं। प्रत्येक शिकायत की गंभीरता से जांच की जा रही है तथा जिन मामलों का मौके पर समाधान संभव है उन्हें तुरंत निपटाया जा रहा है। जटिल मामलों की लगातार निगरानी की जा रही है ताकि लोगों को शीघ्र राहत मिल सके।
पुलिस अधीक्षक भूपेंद्र सिंह ने कहा कि आमजन की सुरक्षा, कानून व्यवस्था बनाए रखना तथा शिकायतकर्ताओं को निष्पक्ष न्याय दिलाना पुलिस विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि पुलिस विभाग से संबंधित शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर निपटारा किया जाएगा और किसी भी प्रकार की लापरवाही अथवा उदासीनता को स्वीकार नहीं किया जाएगा।
एसडीएम मनदीप ने कहा कि प्रशासन गांव से लेकर शहर तक प्रत्येक नागरिक की समस्याओं को गंभीरता से सुन रहा है। समाधान शिविरों के माध्यम से लोगों को बिना अनावश्यक भागदौड़ के अपनी समस्याएं रखने और उनका समाधान प्राप्त करने का अवसर मिल रहा है।
मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. किरण तथा नगराधीश टीनू पोसवाल ने कहा कि समाधान शिविर आमजन और प्रशासन के बीच संवाद को मजबूत करने का प्रभावी मंच बन चुके हैं। विभिन्न विभागों के अधिकारी एक ही स्थान पर उपलब्ध होने से लोगों को त्वरित राहत मिल रही है और शिकायतों के समाधान की प्रक्रिया अधिक सरल एवं पारदर्शी बनी है।
शिविर के दौरान प्रार्थी रेखा, सत्यवती, सतबीर तथा शीला ने अपनी गली में बने रैंपों से उत्पन्न हो रही समस्याओं को उपायुक्त के समक्ष रखते हुए अनुरोध किया कि इस संबंध में आवश्यक कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में किसी प्रकार की दुर्घटना की संभावना न रहे। उपायुक्त ने संबंधित विभाग को मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
प्रार्थी राकेश देवी निवासी कीवाना ने लाडो लक्ष्मी योजना से संबंधित समस्या प्रशासन के समक्ष रखी, जबकि विकास नगर निवासी अनीता देवी ने राशन कार्ड दोबारा शुरू करवाने की मांग करते हुए इसके अभाव में आ रही कठिनाइयों से अधिकारियों को अवगत कराया। एक अन्य शिकायत में सौदापुर निवासी नागरिक ने अपनी दुकान के लिए जल कनेक्शन उपलब्ध करवाने का अनुरोध किया। वहीं कौशल्या निवासी जोराशी ने विधवा पेंशन बनवाने तथा प्रेम देवी ने गुलाबी कार्ड जारी करवाने की मांग प्रशासन के समक्ष रखी।
इस अवसर पर डीएसपी सतीश वत्स, डीडीपीओ राजेश शर्मा, डीआरओ कनब लाकड़ा, डिप्टी सीएमओ डॉ. अमित, सीएम विंडो एमिनेंट पर्सन सुरेंद्र जोगी, सुनील कुमार, डीएचओ संदीप, सहायक कार्यकारी अभियंता सुधीर, पुलिस कंप्लेंट अधिकारी सुरेश सरोहा, संजीव शर्मा, जोगिंदर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

Comments